मंगलवार, 16 मार्च 2010

कविता चुहिया बीमार हैं

चुहिया बीमार हैं
आज रविवार हैं ,
चूहे को बुखार हैं....
चुहिया बीमार हैं,
डाक्टर बिल्ली दुश्मन हैं.....
वह अगर आयेगी,
तो हम दोनों को खा जायेगी.....
लेखक मुकेश कुमार कक्षा अपना घर कानपुर

2 टिप्‍पणियां:

pukhraaj ने कहा…

बिल्ली को पटाओ , दूध मलाई खिलाओ

Udan Tashtari ने कहा…

बढ़िया.