गंगा के उस पार चलें
चलो-चलो अब सैर करें,
गंगा के उस पार चलें....
गंगा के उस पार जायेगें,
मौज मस्ती करके आयेगें.....
हवा चलेगी ठंडी-ठंडी,
मौसम होगा खूब सुहाना....
चलो-चलो अब सैर करें,
गंगा के उस पार चलें....
पानी होगा कितना निर्मल,
ठंडा और होगा शीतल....
चलो-चलो अब सैर करें,
गंगा के उस पार चलें...
लेखक : मुकेश कुमार
कक्षा : 10
अपना घर