मंगलवार, 15 जून 2010

कविता :शोर

शोर

गाड़ियों एंव आदि वाहनों का ।
कितना होता है शोर ॥
इस शोर से आधी जनता ।
हो जाती है खूब सारा बोर ॥
इस शोर को कैसे रोका जाए ।
इस बात को पूरी दुनियाँ में बताया जाए ॥
गाड़ियों एवं आदि वाहनों का ।
कितना होता है शोर ॥

लेखक :ज्ञान कुमार
कक्षा :
अपना घर

3 टिप्‍पणियां:

Udan Tashtari ने कहा…

अच्छा ध्यान दिलाया ध्वनि प्रदुषण की ओर..

seema gupta ने कहा…

इस शोर को कैसे रोका जाए ।
इस बात को पूरी दुनियाँ में बताया जाए
" अरे बच्चों ने कितनी काम की बात कही.....सुन्दर"

माधव ने कहा…

very pertinent poem.
Noise pollution is bad for Human health, we should curb it upto best of our effort.