गुरुवार, 22 जुलाई 2010

कविता :गाते गान

गाते गान

थोड़ी सी ठंडक हुयी
बारिश की बूंदे आयीं
सूखी धरती पर हरियाली आयी
सभी खगों में खुशियाँ छायीं
निकले सारे खग गाते गान
अगुलियों से करें इशारा
बच्चे देखें चन्दा मामा प्यारा
थोड़ी सी ठंडक हुयी
लेखक :अशोक कुमार
कक्षा :
अपना घर

4 टिप्‍पणियां:

बेनामी ने कहा…

बहुत ही अच्छा । रोचक और सानदार



प्रिय पाठको ब्लाँग जगत के लोकप्रिय ब्लाँगोँ को ब्लाँग आँफ द मंथ के लिये चुना गया है यहाँ आकार देख सकते है

Sunil Kumar ने कहा…

bahut achha likh rahe ho lekhni ki dhar kam mat hone dena

Udan Tashtari ने कहा…

बढ़िया!!

माधव ने कहा…

nice